उम्मह लेख

एक माँ का अटूट ईमान
लेख

एक माँ का अटूट ईमान

शायर-ए-ख़त्म-ए-नबुव्वत सैय्यद अमीन गीलानी (रहमतुल्लाह अलैह) अपनी जेल का वाक़िया बयान करते हुए कहते हैं: "एक दिन जेल का सिपाही आया और मुझसे कहा कि आपको दफ़्तर में सुपरिंटेंडेंट साहब बुला रहे हैं। मैं दफ़्तर पहुँचा तो देखा कि वालिदा साहिबा (माता जी) मेरी अहलिया (पत्नी) और बेटे सलमान गीलानी के साथ बै...