गुजरात में साइबर धोखाधड़ी की घटनाएं आम हैं, लेकिन हाल ही में एक ऐसी बड़ी साइबर धोखाधड़ी सामने आई है जिसने पुलिस को भी चौंका दिया है। गुजरात पुलिस ने 164 बैंक खातों का पता लगाया है, जिनमें से 89 खातों से मात्र 6 महीनों में 1445 करोड़ रुपये का लेन-देन हुआ। इनमें से 89 खाते आरबीएल बैंक के हैं, जबकि शेष 75 खातों की जांच जारी है। घटना का विवरण: सूरत पुलिस द्वारा वाहनों की जांच के दौरान एक मोपेड को रोका गया, जिससे इस बड़ी धोखाधड़ी का खुलासा हुआ। आरोपी बैंक ऋण का झांसा देकर लोगों से दस्तावेज लेकर बैंक खाते खोलते थे। बाद में, दस्तावेजों को अपर्याप्त बताकर, वे असली खाताधारकों की जानकारी के बिना इन खातों से साइबर धोखाधड़ी का लेन-देन करते थे। शामिल लोग और जांच: इस मामले में किरत जाडवानी, मित खोखर और मयूर इटालिया समेत अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। दिवेश विनीत और रिच पे आईडी नाम के आरोपी भी इस धोखाधड़ी में प्रमुख भूमिका निभा रहे हैं। सूरत के उधना पुलिस द्वारा जारी जांच में और भी बड़े खुलासे होने की उम्मीद है। यह धोखाधड़ी न केवल गुजरात में बल्कि पूरे देश में फैली हुई है।