क़ायदे वफ़ाक़ हज़रत मौलाना क़ारी हनीफ़ जालंधरी साहब की अपने...
Ummah Post
17 March, 2025

क़ायदे वफ़ाक़ हज़रत मौलाना क़ारी हनीफ़ जालंधरी साहब की अपने इदारे (संस्थान) के सालाना इज्तिमा (वार्षिक सभा) में क़ायदे जमीअत मौलाना फ़ज़लुर रहमान साहब, शाहीन-ए-ख़त्मे नबुव्वत हज़रत मौलाना अल्लाह वसाया साहब, हज़रत शेख़ मुफ्ती मोहम्मद हसन साहब की मौजूदगी में गुस्ताख़ान-ए-रसूल (रसूल की शान में गुस्ताख़ी करने वालों) और उनके हिमायतियों के ख़िलाफ़ अहम क़रारदाद (प्रस्ताव) पेश।

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एक वकील का इब्रतनाक़ (शर्मनाक) अंजाम
लेख

एक वकील का इब्रतनाक़ (शर्मनाक) अंजाम

एक वकील साहब अदालतों में लोगों की पहली पसंद (ترجیح) होते थे। फीस लाखों में थी... बड़े-बड़े अपराधियों (मुजरिमों) को बरी करवा लिया करते थे... आइए! अब उनका इब्रतनाक़ (عبرتناک - शिक्षाप्रद/शर्मनाक) अंजाम पढ़िए... फिर वक़्त बदलता है, उनकी उम्र ढल जाती है और वह बूढ़े हो जाते हैं। आँखों की रोशनी (بینائی)...