..., ऐ अल्लाह! मुझे सकारात्मक सोच (पॉजिटिव थिंकिंग), रोशन दि...
Ummah Post
6 November, 2024

..., ऐ अल्लाह! मुझे सकारात्मक सोच (पॉजिटिव थिंकिंग), रोशन दिमाग, शांत दिमाग, धीमा मिजाज, नर्म लहजा, मीठी जुबान, खूबसूरत अल्फाज, जज्बात में एतदाल (संतुलन), सेहत व आफियत, खुशबख्ती व सादतमंदी (सौभाग्य), नेक शोहरत, मोहब्बत व मक़बूलियत (लोकप्रियता), हसद (ईर्ष्या) व बदख्वाहों (बुरा चाहने वालों) से हिफाज़त, प्यारों की सलामती, चमकता चेहरा, ज़ाहिरी वजाहत (आकर्षण), बा-वफ़ा रफ़का (वफ़ादार साथी), मेहरबान सरपरस्त, तक़वा व परहेज़गारी (पुण्य) और हुस्न-ए-ख़ातमा (अच्छा अंत) यानी दुनिया व आख़िरत की खूबसूरत और आसान खैर व भलाइयाँ अता फरमा🤲🏻)✨♥️___*

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एक ही सफ में खड़े हो गए महमूद व अयाज़
लेख

एक ही सफ में खड़े हो गए महमूद व अयाज़

इमाम अबू यूसुफ रहमतुल्लाह अलैह हारून रशीद के ज़माने में पूरे आलम-ए-इस्लाम के क़ाज़ी-उल-क़ुज़ात (मुख्य न्यायाधीश) थे, एक बार उनके पास ख़लीफ़ा हारून रशीद और एक नसरानी (ईसाई) का मुक़दमा आया, इमाम ने फ़ैसला नसरानी के हक़ में किया, इस तरह के दरख़्शां (चमकदार) वाक़यात तारीख़-ए-इस्लाम के वरक़-वरक़ (पन्ने-प...