(मित्रता का वास्तविक स्थान हमें क़ुरआन ने सिखाया है...)
कि...
Ummah Post
6 September, 2025

(मित्रता का वास्तविक स्थान हमें क़ुरआन ने सिखाया है...)

कि नेक लोगों की दोस्ती के अलावा हर दोस्ती क़यामत के दिन दुश्मनी में बदल जाएगी... 💔

इसी तरह हसन बसरी (रह.) का क़ौल (कथन) है: 🌸

'तुम ज़्यादा से ज़्यादा मोमिन (आस्थावान) दोस्त बनाओ, क्योंकि वे क़यामत के दिन (तुम्हारी) सिफ़ारिश करेंगे।'" 🕊️

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एक ही सफ में खड़े हो गए महमूद व अयाज़
लेख

एक ही सफ में खड़े हो गए महमूद व अयाज़

इमाम अबू यूसुफ रहमतुल्लाह अलैह हारून रशीद के ज़माने में पूरे आलम-ए-इस्लाम के क़ाज़ी-उल-क़ुज़ात (मुख्य न्यायाधीश) थे, एक बार उनके पास ख़लीफ़ा हारून रशीद और एक नसरानी (ईसाई) का मुक़दमा आया, इमाम ने फ़ैसला नसरानी के हक़ में किया, इस तरह के दरख़्शां (चमकदार) वाक़यात तारीख़-ए-इस्लाम के वरक़-वरक़ (पन्ने-प...