कुरान की आयत

اِنَّمَاۤ اَمْوَالُكُمْ وَ اَوْلَادُكُمْ فِتْنَةٌ١ؕ وَ اللّٰهُ عِنْدَهٗۤ اَجْرٌ عَظِیْمٌ(۱۵)(سورۃ التغابن)
अनुवाद
तुम्हारे माल और तुम्हारी औलाद तो तुम्हारे लिए एक आज़माइश हैं। और वह अल्लाह ही है जिसके पास बड़ा अज्र है। (15) (आसान तर्जुमा क़ुरआन) वज़ाहत: आज़माइश यह है कि इंसान माल व दौलत और औलाद की मोहब्बत में मुन्हेंमिक (मसरूफ़) होकर अल्लाह तआला के अहकाम से ग़ाफ़िल तो नहीं होता, और जो शख़्स ऐसी ग़फ़लत से अपने आप को बचाले उसके लिए अल्लाह तआला के पास बड़ा अज्र व सवाब है। (आसान तर्जुमा क़ुरआन)
एक बुजुर्ग की लोग उनके मुंह पर तारीफ कर रहे थे
लेख

एक बुजुर्ग की लोग उनके मुंह पर तारीफ कर रहे थे

मौलाना फखरुल हसन साहब गंगोही रहमतुल्लाह अलैह फरमाते हैं कि मैं मक्का मुअज्जमा में एक बुजुर्ग की खिदमत में हाजिर हुआ, लोग उनके मुंह पर उनकी तारीफ कर रहे थे और वह खुश हो रहे थे। मैंने अपने दिल में कहा, 'यह कैसे बुजुर्ग हैं जो अपनी तारीफ से मजे ले रहे हैं!' उन्हें इस खयाल की इत्तिला हो गई, उन्होंने फौर...

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